Ex:-15 प्रायिकता
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हमारे रोजमर्रा के जीवन में जो साख अथवा ऋण की आवश्यकता होती
है ,उसकी पूर्ति राज्य के वित्तीय संस्थानों के
द्वारा संपन्न होती है।
➤वित्तीय
संस्थाएँ या तो सरकार द्वारा स्थापित एवं संचालित होती है अथवा लोगों के सहयोग एवं
सहभागिता के माध्यम से भी स्थापित एवं संचालित होती है।
➤बिहार में बिस्कोमान(BISCOMAUN) जैसी सहकारिता के संदर्भ में ऐसी संस्था है जो खासकर कृषि क्षेत्र में साख या ऋण की उपलब्धि कराती है।
*वित्तीय संस्थाएँ(Financial
Institutions)
:-वित्तीय संस्थाएँ मौद्रिक
क्षेत्र में देश अथवा राज्य की ऐसी संस्थाओं को कहते है ,जो लोगों की आवश्यकताओं को पूरा करने हेतु साख एवं मुद्रा संबंधी कार्यो
का संपादन करती है।
या, हमारे
देश की वे संस्थाएँ जो आर्थिक विकास के लिए उधम एवं व्यवसाय की वित्तीय आवश्यकताओं
की पूर्ति करता है ऐसी संस्थाओं को वित्तीय संस्थाएँ कहते है।